वेस्टर्न यूपी के सबसे पहले ब्लॉक के लिए 45 बीघा जमीन और डेढ़ लाख की राशि दान में दी थी कुंवर सुरेन्द्रपाल सिंह ने। 

पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सबसे पहले ऊंचागांव ब्लॉक के लिए 45 बीघा जमीन और डेढ़ लाख की राशि दान में दी थी कुंवर सुरेन्द्रपाल सिंह ने। 


 



पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े जिले के यूं तो कई बार  टुकड़े  हुए लेकिन उसके बावजूद  भी  बुलंदशहर की अलग पहचान है ।



ये तश्वीरें साक्षी हैं कि 18 जून सन 1956 को प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने पश्चिमी यूपी के सबसे पहले विकासखंड की नींव तब रखी थी। जिसके लिए जिले के ऊंचागांव के कुंवर सुरेंद्रपाल सिंह ने उस वक्त करीब 45 बीघा जमीन और डेढ़ लाख रुपये सरकार को दान स्वरूप  दिए थे।



इतना ही नहीं कुंवर सुरेंद्र पाल सिंह के आग्रह पर तत्कालीन प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू उस वक्त ऊंचागांव ब्लॉक की नींव रखने के लिए बुलंदशहर जिले के इस छोटे से  गांव में पधारे थे।


इस बारे में सलाम इंडिया से बातचीत करते हुए कुंवर सुरेंद्र पाल सिंह के पौत्र कुंवर आरपी  सिंह ने बताया कि उस दौर में देश में विकास खंडों का निर्माण होना शुरू  ही हुआ था, तो वहीं बुलंदशहर जिले में सबसे पहले तब अगर कोई विकास खंड के लिए तब कुंवर सुरेंद्रपाल सिंह ने आगे बढ़कर इस नेक कार्य के लिए गांव में ब्लॉक की स्थापना के लिए ईमानदार कोशिशें तब की थीं जो रंग लाईं। जिसके बाद पश्चिमी यूपी में सबसे पहला ब्लॉक बुलंदशहर जिले के इस छोटे से गांव  'ऊंचागांव' में ही बनाया गया था ।


कुंवर सुरेन्द्रपाल सिंह को आज भी जिला  कुंवर साहब के नाम से याद करता है। उन्होंने जो जिले के  प्रत्येक वर्ग के लिए किया वह कभी नहीं भुलाया जा सकता ।वर्तमान में उनकी धरोहरों को जिले में देखा जा सकता है। ऊंचागांव का फोर्ड देखने के लिए देश दुनिया के कोने कोने से लोग आज भी यहां पहुंचते हैं।



 कई फिल्मों की शूटिंग भी  इस किले में हुई हैं।


काबिलेगौर है कि कुंवर सुरेंद्रपाल सिंह  पंडित जवाहरलाल नेहरू के ही नहीं बल्कि इंदिरा गांधी के भी चहेतो मैं गिने जाते थे ।


1962 में लोकसभा में कुंवर सुरेंद्र पाल सिंह पहली बार जीतकर  लोकसभा पहुंचे थे और चार बार वह बुलन्दशहर से सांसद रहे थे ।



इस दौरान सरकार में विदेश मंत्री और सिर गन्ना मंत्री और उसके बाद रेल मंत्री तक के पद पर रहकर उन्होंने जिले का नाम रोशन किया था,जरूरतमंदों के लिए यहां  न सिर्फ शुगरमिल बल्कि नरोरा परमाणु केंद्र की स्थापना भी उनकी कोशिशों के बाद स्थापित हुए थे।



 


फिलहाल 18 जनवरी को ब्लॉक की नींव रखे जाने के उस पल को आज भी जनपद के लोग याद करके गौरवान्वित महसूस करते हैं।क्षेत्र के ही लोगों से बात की गई तो वो मानते हैं कि अब उनकी अगली पीढ़ी भी मिलनसार है और जनसहयोग के लिए हमेशा सभी तत्पर रहते हैं ।



वर्तमान में कुंवर आरपी सिंह समाजसेवा के कार्यों में बढ़ चढ़ कर हमेशा भाग लेते हैं। जोकि गांव में किये गए सामाजिक कार्यों की वजह से ग्राम के प्रधान की जिम्मेदारी औऱ फिर जनता के प्यार के बल पर जिला पंचायत सदस्य भी रह चुके हैं।


जब गांव में  ब्लॉक की नींव रखी गयी थी तो उस  वक्त  कई मिनिस्टर भी तत्कालीन पीएम जवाहरलाल नेहरू  के साथ मौजूद रहे थे।



सलाम इंडिया विशेष।